अयोध्या। हत्या के 27 साल पुराने मामले में अपर सत्र न्यायाधीश प्रथम सुरेंद्र मोहन सहाय की अदालत ने दोषी राजेंद्र तिवारी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। दोषी ने मानसिक रोगी होने का दावा किया था, लेकिन अस्पताल की जांच में स्वस्थ पाए जाने के बाद उसका यह बचाव काम नहीं आया। अदालत ने दोषी पर साढ़े पांच हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। मामला वर्ष 1999 में महाराजगंज के.