मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने मां की मृत्यु के बाद नानी के पास रह रही नाबालिग बच्ची के भरण-पोषण मामले में अहम फैसला सुनाया है। कोर्ट ने कहा कि नानी को केवल कानूनी अभिभावक न होने के आधार पर भरण-पोषण मांगने से नहीं रोका जा सकता और मामले को फैमिली कोर्ट में पुनर्विचार के लिए भेजा है।