जेल की चारदीवारी के भीतर भी हुनर को नई पहचान मिल सकती है और जिंदगी को एक नई दिशा। कौशल विकास, प्रशिक्षण और रचनात्मक गतिविधियों के जरिए कैदियों को अपनी प्रतिभा निखारने और भविष्य के लिए नए अवसर तैयार करने का मौका मिल रहा है। इस विशेष कार्यक्रम में जानिए जेलों में चल रही कौशल विकास की पहल, कैदियों के हुनर, आत्मनिर्भरता की संभावनाओं और समाज की मुख्यधारा में दोबारा जुड़ने के.