Amar Ujala. ब्रजरज उत्सव में इन दिनों कभी सदाबहार फिल्मी गीतों की गूंज, तो कभी ब्रज के लोकगीतों की मिठास के साथ कथक और चरकुला नृत्य की मनमोहक छटा देखने. उत्सव के चौथे दिन धौली प्याऊ रेलवे मैदान में दिनभर लोक कलाकारों ने अपनी प्रस्तुतियों से दर्शकों को आकर्षित किया, वहीं देर रात सुदेश भोसले की गायकी और मिमिक्री ने समां बांध दिया।