हालिया विधान परिषद के चुनाव की मतदाता सूची में एक अजीबोगरीब नाम “राम ने शर्मा को मारा” भी है। कंप्यूटर/सॉफ्टवेयर जातिवादी नहीं है। हमारे द्वारा गलती किया जाना स्वीकार है लेकिन हमारे सौभाग्य से गलती होते समय भी जाति का भेदभाव नहीं हुआ है। भगवान का यह भी शुक्र है की राम ने किसी अल्पसंख्यक को नहीं मा.